एंग्लिंग के नाम पर विलुप्त प्राय प्रजाति में शामिल गोल्डन महाशीर का शिकार करने का मामला सामने आया है। राजस्थान के पर्यटक व उसके साथियों ने मछली पकड़ने के बाद वापस शारदा में छोड़ने के बजाय उसे मार दिया। इसका वीडियो वायरल होने के बाद संबंधित विभाग हरकत में आ गए हैं। भारत-नेपाल के बीच सीमांकन करने वाली शारदा नदी में गोल्डन महाशीर पाई जाती है। इंटरनेशनल यूनियन फोर कंजर्वेटिव आफ नेचुरल (आइयूसीएन) ने महाशीर को विलुप्त प्राय की सूची में रखा है। जिस कारण इसका आखेट अपराध की श्रेणी में आता है।
छह क्षेत्रों पर होती है एंग्लिंग
पर्यटन व एंग्लिंग को बढ़ावा देने के लिए चंपावत के पंचेश्वर से टनकपुर के बीच छह साइट को चिह्नित की हैं। क्षेत्र के लिए अनुबंधित महिला मंगल दल के माध्यम से एंग्लिंग का लाइसेंस दिया जाता है। कालीगूंठ महिला मंगल दल अध्यक्ष पूजा व कोषाध्यक्ष ईश्वरी देवी ने रेंजर बूम को लिखे व थाना प्रभारी ठुलीगाड़ को प्रतिलिपित शिकायती पत्र में कहा है कि जयपुर गाेविंद नगर वेस्ट, निवासी व्यक्ति ने नौ नवंबर को एंग्लिंग का लाइसेंस लिया था। एक वीडियाे प्रकाश में आया है जिसमें पर्यटकों का दल महाशीर जिंदा नदी में छोड़ने के बजाय मार रहा है। वीडियो में कहते सुना जा रहा किसी ने फोटो खिंच लिया तो गड़बड़ हो जाएगी।
जिम्मेदार कह रहे कार्रवाई करेंगे
वन विभाग के रेंजर गुलजार हुसैन ने बताया कि उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है। नियमानुसार कार्रवाई होगी। वहीं जिला मत्स्य प्रभारी कुंवर सिंह बगड्वाल का कहना है कि प्रकरण गंभीर है। महिला मंगल दल की ओर से शिकायती पत्र मिला है। वन विभाग से शिकायत की गई है। संबंधित थाना पुलिस को भी संबंधित पर्यटक के विरुद्ध प्राथमिकी सौंपने की तैयारी है। महिला मंगल दल का पंजीकरण रद किया गया है।





