अनेक स्थानों पर हुई वर्षा और हिमपात से ठिठुरन बढ़ गई है। बर्फीली हवा ने पहाड़ से लेकर मैदानी क्षेत्रों तक तापमान गिरा दिया है। कुमाऊं मंडल के दो जिलों में तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है। मंगलवार को पर्वतीय क्षेत्र से लेकर मैदान तक धूप खिली रही। इससे अधिकतम तापमान में थोड़ी सुधार होने से दिन में ठंड से राहत है।
सोमवार की वर्षा व हिमपात के बाद आसमान साफ होने से रात में पाला गिर रहा है। चंपावत, पिथौरागढ़, नैनीताल व अल्मोड़ा जिलों में कई स्थानों पर पाले की परत जम रही है। पाले की वजह से सुबह नौ-10 बजे तक ठिठुराने वाली ठंड पड़ रही है। चंपावत व मुक्तेश्वर का न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे रहा। बागेश्वर में कौसानी का तापमान शून्य के पास पहुंच गया है। देहरादून मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह का कहना है कि अगले पांच दिन वर्षा व हिमपात की संभावना नहीं है। हालांकि सुबह-शाम ठंड जारी रहेगी। तापमान में धीरे-धीरे वृद्धि हाेगी। अगले दो दिन पर्वतीय क्षेत्र में पाले को लेकर सतर्कता बरतने की जरूरत है।
न्यूनतम तापमान (डिग्री सेल्सियस में)
अल्मोड़ा 1.8
चंपावत -1.9
कौसानी 0.4
पिथौरागढ़ 1.5
मुक्तेश्वर। -1.8
नैनीताल 2.0
पंतनगर 3.2
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ड्राइविंग में बरते सावधानी
मौसम विभाग के अनुसार पर्वतीय क्षेत्र में 11 व 12 दिसंबर को पाला पड़ने का सिलसिला जारी रह सकता है। पाले की वजह से फसलों की कोशिकाओं को नुकसान पहुंच सकता है। इससे कीट व रोग आक्रमण का खतरा रहेगा। बचाव के लिए फसलों की सिंचाई कर सकते हैं। खेत के चारों ओर शेल्टर बेल्ट लगाकर हवा की गति रोक सकते हैं। पाले से सड़कें फिसलन भरी हो सकती हैं। सुबह-शाम ड्राइविंग करते समय सावधानी बरतने की सलाह दी है।






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