कार में चाबी लगी छोड़ना शिक्षक पर भारी पड़ गया। सड़क किनारे खड़ी शिक्षक की कार को सिरफिरे युवक ने 22 किमी दौड़ा दिया। एक घंटे तक पुलिस भी कार के पीछे दौड़ती रही। कार में बच्चे सवार होने से कुछ देर के लिए शिक्षक की जान हलक में आ गई।
गुरुवार दिन के समय सिमलखेत निवासी शिक्षक बलवंत सिंह ने लोहाघाट नगर के पंचेश्वर तिराहे के पास अपनी कार खड़ी की। शिक्षक के बेटा-बेटी कार में बैठे हुए थे, जबकि वह खुद पास में चाय पी रहे थे। तभी कोई कार में बैठा और उसे स्टार्ट कर बाराकोट रोड की तरफ दौड़ा ले गया। बलवंत ने इसकी सूचना यातायात पुलिस के जवान हेम मेहरा को दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने चीता मोबाइल बाइक, डायल 112 हेल्पलाइन व एसओ की कार से आरोपित का पीछा किया। घटना स्थल से 12 किमी दूर लड़ीधुरा मंदिर के पास शिक्षक के दोनों बच्चों को बरामद किया गया। वहां से 10 किमी आगे जाकर बर्दाखान के पास पुलिस कार सवार युवक को रोक पाई।
युवक की पहचान 38 वर्षीय राजेंद्र कुमार के रूप में हुई है। पुलिस कार समेत युवक को थाने ले आई। शाम तक दोनाें पक्ष थाने में जुटे रहे। बताया गया कि बात में शिक्षक ने आरोपित की स्थिति को देखकर कार्रवाई से मना कर दिया। आरोपित की लोहाघाट बाजार में मोबाइल एक्सेसरीज की दुकान है। एसआइ हरीश पुरी ने बताया कि आरोपित ने गाड़ी चलाने का मन होने पर इस तरह की हरकत करने की बात कही है।पुलिस टीम में एसआइ हरीश पुरी, हेड कांस्टेबल सुनील, संजय जोशी, प्रकाश सिंह बिष्ट, पवन कुमार शामिल रहे।





