चंपावत जिले की प्रभारी मंत्री व प्रदेश में महिला सशक्तीकरण, बाल विकास, खेल व खाद्यान्न जैसे महत्ववूर्ण विभाग संभालने वालीं रेखा आर्या जिला योजना की बैठक के लिए जिला मुख्यालय नहीं पहुंच सकीं। पहाड़ नहीं चढ़ पाने की वजह से बनबसा में एनएचपीसी स्थित अतिथि गृह में बैठक की गई। बनबसा में हुई लगभग एक घंटे की बैठक के लिए अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों ने छह घंटे सफर किया। जिला मुख्यालय से बनबसा की दूरी 83 किमी है। इस पर पूछने पर प्रभारी मंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधि इस समय प्रशासक हैं। प्रतिनिधि बैठक में कम आते हैं। विधायक और पालिकाध्यक्ष व अधिकारियों को आने-जाने में किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। मंत्री ने यह भी तर्क दिया कि नैनीताल में उन्हें आज ही दूसरी बैठक में शामिल होना है। इसलिए भी बनबसा में बैठक रखी गई। वर्ष 2022, 2023 में टनकपुर व 2025 में बनबसा में जिला योजना के बजट का अनुमोदन हुआ है। पूर्व विधायक हेमेश खर्कवाल ने इसे जनता के धन की बर्बादी बताया है। उन्होंने कहा कि जो लोग मुख्यालय में काम के लिए आए होंगे, उन्हें निराश लौटना पड़ा होगा। बेहतर होता कि पहाड़ की मंत्री दूरस्थ क्षेत्र में बैठक कर नई मिसाल पेश करतीं। बताया जा रहा है कि गुरुवार सुबह 10:30 बजे शुरू हुई बैठक 11:40 बजे के आसपास संपन्न हो गई।
