यूसीसी यानी समान नागरिक संहिता में किए गए प्रविधानों के विरोध में पहाड़ी आर्मी का हस्ताक्षर अभियान जारी है। गुरुवार को अभियान के 9वें दिन हल्द्वानी में तीन हजार से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर कर समर्थन दिया। पहाड़ी आर्मी के संस्थापक अध्यक्ष हरीश रावत ने कहा कि यूसीसी कानून में कई प्रविधान हिंदू धर्म के सम्मत नहीं हैं। यूसीसी लिव इन रिलेशन (सहवास) को मान्यता देना हिंदू धर्म में उल्लेखित कर्म कांड, लिंग भेद की परिभाषा को खत्म करता है।
रावत ने कहा कि सीएम पुष्कर धामी उत्तराखंड में सनातन धर्म को खत्म कर हिंदू संस्कृति को तहस-नहस कर उत्तराखंड में मनुस्मृति लागू करना चाहते हैं। यूसीसी भोले-भाले ईमानदार पहाड़ियों को अपमानित करने वाला है। कौन अभिभावक चाहेंगे कि उनकी बिन ब्याही लड़की बच्चे की मां बन जाए। वहीं एक प्रविधान में कहा जा रहा है कि बाहरी प्रदेशों के लोगों को एक वर्ष के प्रवास के उत्तराखंड के सारे सरकारी योजनाओं का लाभ दिया जाएगा। इससे साफ है कि सरकार प्लानिंग के तहत शांत पहाड़ों को उत्तर प्रदेश, बिहार बनाना चाहती है।
पर्वतीय राज्य की डेमोग्राफी बदलने की साजिश
यह पर्वतीय राज्य की डेमोग्राफी चेंज करने की नीति है। यह देवभूमि के लिए बहुत घातक सिद्ध होगी। हस्ताक्षर अभियान को जनता का समर्थन मिल रहा है। अभियान को पूरे प्रदेश और हर जिले और ब्लाक तक ले जाने की बात कही जा रही है। इसके लिए प्रदेशभर में पदयात्रा निकाली जाएगी। बुधवार को अभियान के जिला प्रभारी हिमांशु शर्मा के नेतृत्व में कुंवरपुर चौराहा गौलापार में अभियान चलाया। यहां निवर्तमान ग्राम प्रधान राम सिंह नगरकोटी, विक्रम सिंह रैंकुनी, प्रदेश संगठन महामंत्री विनोद शाही ने बाहरी लोगों को एक वर्ष में स्थायी निवास प्रमाण पत्र बांटने के निर्णय पर प्रदेश सरकार को निशाने पर लिया।
गुरुवार को पंचायत घर में चलेगा अभियान
महानगर अध्यक्ष भुवन पहाड़ी ने कहा 13 फरवरी को पंचायत घर रामपुर रोड पर अभियान चलाया जाएगा। यहां कोषाध्यक्ष भगवंत सिंह राणा, मीडिया प्रभारी गौरव गोस्वामी, युवा जिला अध्यक्ष मोहित राणा, युवा नगर अध्यक्ष विनोद नेगी, जिला अध्यक्ष मोहन कांडपाल, कैलाश डालाकोटी, कमलेश जेठी, भरत परिहार, बंटी जोशी, कपिल शाह, पंकज जोशी, एडवोकेट हिमांशु जोशी, पूजा रावत, टीकम सिंह बोरा, विक्की नौला, जगदीश पांडे, कुलवंत सिंह, रमेश रौतेला, हयात सिंह, नवीन पलडलिया, अमर सिंह आदि शामिल रहे।





