राष्ट्रीय अखंडता व प्रभुता को दृढ़ बनाने तथा आलोचनात्मक सोच, सहयोगात्मक समस्या समाधान के उद्देश्य से डीएवी स्कूल हल्द्वानी में युवा संसद आयोजित की गई। कक्षा नौ से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने सांसदों की तरह वेशभूषा धारण कर हिंदी, बंगाली और हिंदी में शपथ ली। राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों को समाहित करने वाले 10 प्रमुख एजेंडे संसद के समक्ष रखे। युवा सांसदों ने उत्तराखंड पेपर लीक, पहलगाम आतंकी हमला, आनलाइन गेम्स, उत्तराखंड और हिमाचल में प्राकृतिक आपदा, टैरिफ टैक्स, 130वां संविधान संशोधन बिल, लद्दाख मसला आदि विषयों पर विचार रखे। सांसदों ने अपनी समझ व विचार का उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए तर्क-वितर्क किया।
मुख्य अतिथि नगर महापौर गजराज सिंह बिष्ट ने विद्यार्थियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा की युवा देश का भविष्य और आधार है। देश में विकास और सुधार के लिए युवाओं को ही आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि संसद के रूप में छात्र-छात्राओं का प्रदर्शनी अत्यंत सराहनीय है। अतिथि ने प्रधानाचार्य तथा शिक्षकों के योगदान की भूमिका की सराहना की। स्पीकर की भूमिका में तनीषा, प्रधानमंत्री की भूमिका में प्रणव भट्ट, विदेश मंत्री प्रकाम्य जोशी, गृहमंत्री भक्ति रावत, इलेक्ट्रॉनिक और आईटी मंत्री अक्षत सिंह नैनवाल, सांसद दीपांकर जोशी, नेता प्रतिपक्ष निलय डालाकोटी, सांसद भावेश बिष्ट, युक्ति चैतन्य भट्ट आदि ने अपनी अपनी भूमिका बखूबी निभाई। इससे पहले प्रधानाचार्य अमित जोशी ने पुष्प गुच्छ देकर अतिथि का स्वागत किया। युवा संसद ने पूर्व राज्य सभा सांसद व झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि दी। आयोजन में वरिष्ठ शिक्षिका रश्मि रावत, संदीप धानिक और तनुजा पांडे का अहम योगदान रहा।
